मोतिहारी:पुलिस की वर्दी में लूटपाट करनेवाले गिरोह का पर्दाफाश,पांच गिरफ्तार
पूर्वी चंपारण। जिले की मुफस्सिल थाना की पुलिस ने पुलिस की वर्दी में लूट की घटनाओं को अंजाम देनेवाले पांच बदमाशों को गिरफ्तार किया है।बदमाशों के इस गिरोह ने विभिन्न स्थानो पर फर्जी पुलिस वर्दी में लूटपाट की घटना को अंजाम दिया है।
पुलिस ने गिरोह के मास्टर माइंड समेत पांच बदमाशों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार पांच बदमाशों में एक पुलिस का बर्खास्त सिपाही व दो रिटायर्ड होमगार्ड का जवान भी शामिल है।
जिला पुलिस मुख्यालय से मिली जानकारी के अनुसार गिरफ्तार बदमाशों में संग्रामपुर थानाक्षेत्र के दरियापुर गांव निवासी सफदर इमाम, बर्खास्त पुलिस का सिपाही सीवान जिला के रघुनाथपुर थाना क्षेत्र के करसर गांव निवासी लालबहादुर राम, कोटवा थानाक्षेत्र के पोखरा शेख टोली गांव निवासी आरिफ उर्फ भड्डू, तुरकौलिया थाना क्षेत्र के परशुरामपुर गांव निवासी राजेंद्र राय व कोटवा थाना क्षेत्र के फतुहा गांव निवासी प्रभुलाल साह शामिल है।
बदमाशों के पास से चार सेट पुलिस की वर्दी, चार टोपी, तीन बेल्ट, वर्दी पर लगने पर एक सेट स्टार, विसिल कोड-एक, एक जोड़ा खाकी जूता, दो पुलिस बोर्ड, दो होल्सटर, एक सेट ऊनी वर्दी, चार पुलिस स्टीक, एक पुलिस आई कार्ड, एक नोटबुक, एक पासबुक, आठ कमान पत्र, एक पिस्टल डोरी, चार मोबाइल, एक स्कार्पियो, दो बोलेरो, एक बाइक एवं 1, 81, 200 रुपये नकदी बरामद किया गया है।
पुलिस की पूछताछ में बदमाशों ने एक दर्जन से अधिक पुलिस वर्दी में लूट की वारदात को अंजाम देने की बात स्वीकारी है। छापेमारी टीम में सदर एसडीपीओ-टू जितेश कुमार पांडेय, प्रशिक्षु डीएसपी सह मुफस्सिल थानाध्यक्ष कुमारी प्रियंका, अपर थानाध्यक्ष चंदन कुमार, दारोगा मो. शाहरूख, मनीष बंसल, सुभाष कुमार, अजीत कुमार, रोहन कुमार, बलबीर कुमार, सोनू कुमार, बसंत कुमार व सशस्त्र पुलिस बल के जवान शामिल थे।
बर्खास्त सिपाही लालबहादुर राम ने पूछताछ में पुलिस को बताया है कि ड्यूटी के क्रम में होमगार्ड जवान राजेंद्र राय व प्रभुलाल साह संपर्क में आया।सीवान जाने के क्रम में गाड़ी खराब होने पर कोटवा थानाक्षेत्र के दीपऊ मोड़ पर गैरेज मिस्त्री मो. आरिफ उर्फ भड्डू मिस्त्री की दुकान पर रुका। जहां उससे बातचीत हुई और फिर चारों ने मिलकर गिरोह तैयार किया।जिसके बाद यह लोग गाड़ियां बदल-बदलकर अलग-अलग स्थानो पर आम लोगो को पुलिस का भय दिखाकर लूटपाट की घटना को अंजाम देते थे।

