हत्या मामले में 13 अभियुक्तों को आजीवन कारावास
मोतिहारी। चतुर्थ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश राघवेंद्र नारायण सिंह ने गोली मारकर हत्या कारित करने मामले में नामजद तेरह अभियुक्तों को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं प्रत्येक को पचास हजार रूपये अर्थदंड की सजा सुनाए। अर्थदंड नहीं देने पर एक वर्ष की अतिरिक्त सजा काटनी होगी। सजा कुंडवाचैनपुर थाना के बलुआ टोला, गुआबारी निवासी सलीम जावेद, सरफे आजम, नैयर आजम, फेराकुल आजम, मंजरूल आजम, रईफूल आजम, शरीफूल आजम, रहीजुल आजम, राशिद, काशिद, खतीबुल्लाह, नदीम जावेद व अजीजुल आजम को हुई।
मामले में स्थानीय निवासी मृतक सब्बीर अहमद के चचेरे भाई मो. जुनैद आलम ने कुंडवा चैनपुर थाना कांड संख्या 105/2020 दर्ज कराते हुए नामजद सहित दो दर्जन लोगों को नामजद किया था। जिसमें कहा था कि 12 जुलाई 2020 की सुबह करीब 9 बजे ग्रामीण नसीम एवं रहीजुल आजम के बीच झगड़ा हो रहा था। उसके चचेरे भाई सब्बीर अहमद पिता अब्दुल सलाम झगड़ा छुड़ाकर घर आ रहे थे। इसी बीच नामजद लोग हरवे हथियार से लैश होकर आए और उसके भाई को घेर लिए। इसी बीच अभियुक्तों ने उनके पेट में गोली मार दी।
बचाने आए सनाउल्लाह, परवेज, काजिम, वसीर आलम को भी धारदार हथियार से मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिए। गंभीर हालात में सभी घायलों को ग्रामीण रेफरल अस्पताल ढाका लाए। चिकित्सकों ने सभी की गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिकी उपचार के बाद सदर अस्पताल मोतिहारी रेफर कर दिए। जहां ईलाज के दौरान सब्बीर अहमद की मौत हो गई।
अनुसंधानकर्ता ने चौदह अभियुक्तों के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में समर्पित किया।सत्रवाद संख्या 212/2020 विचारण के दौरान अपर लोक अभियोजक ईश्वर चंद दूबे ने 17 गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत कर अभियोजन साक्ष्य रखा। विचारण के दौरान हीं अभियुक्त रईसु आजम की मृत्यु हो गई है। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों के दलीलें सुनने के बाद धारा 147,148, 149, 323, 324, 307, 504, 506 भादवि एवं 27 आर्म्स एक्ट में दोषी पाते हुए उक्त सजा सुनाए है।

