पत्नी की हत्या के जुर्म में पति 5 महीने से जेल में, पत्नी आशिक संग कर रही थी अय्याशी
– महिला के मायके वालो ने दहेज के लिए हत्या कर साक्ष्य छिपाने का लगाया था आरोप
– दिल्ली-नोएडा से महिला प्रेमी संग गिरफ्तार, पूछताछ जारी
– पुलिस और टेक्निकल सेल की कारवाई से मामले का पटाक्षेप
मोतिहारी/अरेराज। जिले अंतर्गत अरेराज थाना क्षेत्र में एक विवाहिता की हत्या में पति पांच माह से जेल में है और विवाहिता दिल्ली में ऐश-मौज करते पकड़ी गई है। यह घटना पुलिस महकमे के अलावे हर एक शख्स को चौंका देने वाला है । इस मामले में मृतका जीवित निकली और अपने पुराने आशिक के साथ दिल्ली-नोएडा में ऐश की ज़िंदगी गुजार रही थी। पत्नी की हत्या के जुर्म में पति पांच महीनों से जेल की सलाख़ों के पीछे कैद है। इस घटना ने पुलिस की छवि पर भी असर डाला है।
अरेराज थाना क्षेत्र के वार्ड 10 निवासी रंजीत कुमार की पत्नी जुलाई महीने में अचानक लापता हो गई थी। इसके बाद हरसिद्धि क्षेत्र में रहने वाले महिला के पिता ने पति, सास और ससुर पर दहेज के लिए हत्या कर शव जलाने और साक्ष्य को नष्ट कर देने का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज करा दिया। इस घटना के बाद अरेराज पुलिस ने श्मशान घाटों से लेकर मुजफ्फरपुर तक हर उस जगह को खंगाला जहा से महिला को लेकर कुछ क्लू मिलने के आसार थे।इधर आरोप की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पति को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया । गांव में यह चर्चा फैल चुकी थी कि पत्नी की हत्या कर सबूत मिटा दिए गए हैं। ऐसे में पुलिस अपनी तरफ से केस का अनुसंधान तकरीबन पूरा भी कर लिया था। इस बीच अरेराज थाना अध्यक्ष प्रत्याशा कुमारी और अपर थाना अध्यक्ष रमेन्द्र कुमार को घटना को लेकर कुछ भनक लगी , फिर क्या था दोनों पुलिस अधिकारी की टीम टेक्निकल सेल के सहयोग से वरीय पदाधिकारियों से निर्देश प्राप्त करते हुए अनुसंधान जारी कर आगे बढ़े। मोबाइल फोन लोकेशन, बैंकिंग ट्रेल, डिजिटल फुटप्रिंट जैसे पुख्ता तकनीकी सबूतों ने संकेत दिया कि सामाजिक और कागजी तौर पर मृत घोषित महिला कहीं न कहीं जिंदा है । इसके साथ ही शुरू हुआ डिजिटल इन्वेस्टिगेशन। लोकेशन को ट्रैक करते हुए पुलिस की एक स्पेशल टीम नोएडा गई और दिल्ली-नोएडा से वह महिला अपने पुराने आशिक के साथ पकड़ी गई। महिला का आशिक उसके मायके वाले गांव का पड़ोसी बताया जा रहा है।पुलिस अब पूरे मामले को नए सिरे से खंगाल रही है। इस पर अनुसंधान शुरू की गई है कि कैसे महिला ने गुमशुदगी को हत्या में बदला, कैसे परिवार ने आरोपी बना पति का जीवन तबाह किया, और किस साजिश के तहत पांच महीने तक सभी को गुमराह किया गया।निश्चित तौर पर पुलिस इस मामले को अब जड़ से खंगालेगी की आखिर इस साजिश में महिला, उसका आशिक सहित और कौन कौन लोग शामिल है। इस घटना के बाद लोग यह भी कह रहे है कि भगवान के घर देर है अंधेर नही। इसके साथ ही बेगुनाह के 5 माह सजा काटने के पीछे कौन कौ

