आर्केस्ट्रा में पिस्टल लहराने मामले में युवक को दो वर्ष का सश्रम कारावास
मोतिहारी। प्रथम अवर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी प्रसेनजीत सिंह ने आर्म्स एक्ट मामले में दोषी पाते हुए नामजद एक अभियुक्त को दो वर्षों का सश्रम कारावास एवं पांच हजार रुपए अर्थ दंड की सजा सुनाए है। अर्थ दंड नहीं देने पर तीन माह की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
सजा गोविंदगंज थाना के बभनौली निवासी सुरेश ठाकुर के पुत्र नंदन कुमार को हुई। मामले में गोविंदगंज थाना के तत्कालीन पुअनि वीरेंद्र कुमार ने गोविंदगंज थाना कांड संख्या 396/2024 दर्ज कराया था। दर्ज प्राथमिकी में कहा था कि 17 नवंबर 2024 को फेसबुक पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें एक युवक आर्केस्ट्रा में महिला डांसर के साथ पिस्टल लहरा रहा है। वायरल वीडियो के आधार पर वरीय पदाधिकारियों के निर्देशानुसार थाना पर आवश्यक कागजी प्रक्रिया पूरी कर वीडियो वायरल की शिनाख्त की गई।
पिस्टल लहरा रहे युवक के घर छापेमारी के दौरान नामजद युवक पकड़ा गया। जब उसके बिछावन की जांच किया गया तो एक मोबाइल फोन तथा तकिए के नीचे से एक लोडेड देसी कटा बरामद हुआ। जब मोबाइल की जांच हुई तो मोबाइल में वायरल वीडियो का फुटेज मिला। वाद संख्या 2000/2025 विचारण के दौरान लोक अभियोजन पदाधिकारी संजीव कुमार वर्मा ने छह गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत कर अभियोजन पक्ष रखा। न्यायाधीश ने आर्म्स एक्ट के दो धाराओं में दोषी पाते हुए उक्त सजा सुनाए।

