एफीकोर ने नेटवर्क और एडवोकेसी कार्यक्रम का किया आयोजन
मोतिहारी।बिहार इंटर एजेंसी ग्रुप के तत्वाधान में एफीकोर संस्था ( ईफीआइसीओआर, एम एस डी प्रोजेक्ट, मोतिहारी) द्वारा मंगलवार को नेटवर्क मीटिंग एवं एडवोकेसी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मोतिहारी के एम.एस.डी.पी. परिसर, श्रीकृष्ण नगर स्थित एफीकोर कार्यालय में सम्पन्न हुआ। बैठक की अध्यक्षता एमी ब्यूलो ने की जबकि संचालन एफीकोर टीम के अतुल डैनियल ने किया।
बैठक में पूर्वी चम्पारण जिले में कार्यरत एनजीओ के बीच समन्वय को सुदृढ़ करने, फाइलेरिया (हाथीपाँव) की रोकथाम एवं जागरूकता, जमीनी स्तर पर बने संगठनों एवं फेडरेशनों को टिकाऊ बनाने और सरकारी स्वास्थ्य एवं सामाजिक कल्याण योजनाओं तक समुदाय की समान पहुँच सुनिश्चित करने हेतु एडवोकेसी को प्रमुख विषय रखा गया।
मुख्य कार्यवाही
बैठक की शुरुआत स्वागत भाषण से हुई जिसके बाद सभी संस्थाओं ने अपना परिचय एवं कार्यक्षेत्र साझा किया।
सेलस्फोर्स के सहयोग से बाल रक्षा भारत (सेव द चिल्ड्रेन) के प्रतिनिधियों ने बाढ़ के समय चाइल्ड फ्रेंडली स्पेस के निर्माण एवं सामुदायिक ढांचों को सशक्त बनाने पर जोर दिया, ताकि स्थानीय स्तर पर बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। बच्चों से संबंधित मुद्दों को सरकारी विभागों तक पहुँचाने पर भी सहमति बनी।
फाइलेरिया पर विस्तृत चर्चा में प्रतिभागियों को बताया गया कि यह दवा वर्ष में केवल एक बार लेनी चाहिए तथा गर्भवती महिलाओं को यह दवा नहीं दी जाती है। स्वास्थ्य व्यवहार में सामूहिक परिवर्तन लाने पर बल दिया गया।
डंकन अस्पताल के प्रतिनिधियों ने गरीब एवं वंचित परिवारों की स्वास्थ्य चुनौतियों का उल्लेख करते हुए सतत जागरूकता अभियानों की आवश्यकता पर जोर दिया। साथ ही पाया कि बड़ी आबादी अब भी सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं और अधिकारों से अनभिज्ञ है। इस पर सभी संस्थाओं ने व्यापक स्तर पर जागरूकता एवं आईईसी गतिविधियां बढ़ाने का संकल्प लिया।
संगठनात्मक सुदृढ़ीकरण
बैठक में जीएमवीएस फेडरेशन एवं ग्रामीण मुसहर विकास समिति के कार्यों की समीक्षा की गई। बताया गया कि वर्ष 2021 से सक्रिय संगठन ने उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल की हैं। समिति का बैंक खाता पटना में खुल चुका है, जिससे वित्तीय पारदर्शिता और सामुदायिक स्वामित्व को बल मिलेगा।
बताया कि सभी सहभागी संस्थाएँ स्वास्थ्य और आजीविका से जुड़े मुद्दों पर संयुक्त रूप से काम करेंगी।
फाइलेरिया रोकथाम हेतु सामूहिक औषधि सेवन (एमडीए ) अभियान को प्राथमिकता दी जाएगी।
सरकारी योजनाओं तक समुदाय की पहुँच सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त एडवोकेसी चलाई जाएगी।
समुदाय आधारित संगठनों को और मजबूत व स्थायी बनाया जाएगा।
बैठक का समापन इस संदेश के साथ हुआ कि “साझा प्रयासों से ही समाज में वास्तविक परिवर्तन संभव है।” नेटवर्क ने स्वास्थ्य समानता, सामुदायिक सशक्तिकरण और स्थायी जमीनी संरचनाओं के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
प्रतिभागी बैठक में बाल रक्षा भारत से असीम कुमार मंडल एवं हामिद रज़ा, अजहर हुसैन अंसारी (कार्ड्स), शशि कुमार, अरविंद कुमार, धीरेंद्र प्रसाद (पिरामल फाउंडेशन), प्रहलाद प्रसाद ( एसएसईवीके ), स्नेह सदन से सिस्टर अनीता, एनोच लिडिया कामेश (डंकन अस्पताल) सहित विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधि शामिल हुए।

