निजी स्कूल प्रबंधन छात्रहित में उठाएं सभी जरूरी कदम,परेशानी बर्दाश्त नही: जिलाधिकारी
-यूनिफॉर्म, पाठ्य पुस्तक आदि की खरीदारी किसी खास दुकान से क्रय पर रोक
-री- एडमिशन एवं डेवलपमेंट चार्ज सिस्टम को समाप्त करने का निर्देश
-पूर्वी चम्पारण के सभी निजी संचालको के साथ मैराथन मीटिंग
मोतिहारी। जिलाधिकारी सौरभ जोरवाल ने कलेक्ट्रेट स्थित डॉ. राजेंद्र प्रसाद सभागार में जिलाभर के निजी विद्यालय संचालकों के साथ बैठक कर छात्र एवं अभिभावकों के हित में महत्वपूर्ण निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि विगत 23 जनवरी को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जो प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया गया था, उसका हर हाल में सही से अनुपालन सुनिश्चित करें।
कोई भी विद्यालय संचालक, प्राचार्य विद्यार्थियों को विद्यालय की यूनिफॉर्म, जूते, टाई, पाठ्य पुस्तक, कॉपियों अथवा अन्य स्टेशनरी सामग्री किसी एक ही दुकान या चिन्हित विक्रेता से क्रय करने के लिए बाध्य नहीं करेगा। सभी निजी विद्यालयों के संचालक यह सुनिश्चित करें कि अपने विद्यालय में संचालित प्रत्येक कक्षा हेतु अनिवार्य पुस्तकों की सूची एवं यूनिफॉर्म का विवरण दिनांक 10 फरवरी 2026 के पूर्व विद्यालय की वेबसाइट पर अपलोड करेंग, जो विद्यालय परिसर के किसी सार्वजनिक स्थान पर चस्पा जरूरी होगा। री- एडमिशन अथवा डेवलपमेंट चार्ज के नाम पर पैसा वसूलने की कार्रवाई को समाप्त करें। शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत् ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से आवंटित छात्रों का नामांकन हर हाल में निजी विद्यालय करना सुनिश्चित करेंगे।
वहीं छात्र हित में अभिभावकों को यह पूर्ण स्वतंत्रता है कि वे अपनी इच्छानुसार किसी भी दुकान से निर्धारित मापदंडों के अनुरूप सामग्री खरीद सकते हैं। स्कूल प्रबंधकों को निर्देश दिया कि ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से कमजोर वर्ग के नामांकित बच्चों का पूरा ध्यान रखें, ताकि कहीं से भी बच्चे अपने को कमजोर महसूस नहीं करें। ज्ञानदीप पोर्टल के माध्यम से नामांकित बच्चों के विषय में जिलाधिकारी ने कहा कि इसके लिए सरकार राशि की प्रतिपूर्ति विद्यालयों को देती है। सभी विद्यालय नामांकित छात्रों का डेटाबेस ज्ञानदीप पोर्टल पर अपलोड करेंगे ताकि उनका भुगतान समय से सुनिश्चित हो सके।
इस संबंध में यह भी कहा कि मोतिहारी स्थित महात्मा गांधी प्रेक्षा गृह में शिक्षा विभाग के द्वारा ज्ञानदीप पोर्टल से संबंधित तकनीकी पहलुओं को लेकर प्रशिक्षण सह हेल्प डेस्क का शीघ्र आयोजन किया जाएगा, जिसमें विद्यालय प्रबंधन अपने स्कूल के आईटी अस्सिटेंट को तकनीकी जानकारी के लिए भेज सकते हैं, ताकि कार्यों में सहूलियत होगी।
विद्यालयो में पोस्टल विभाग कैंप लगाकर बनायेगा छात्रो का आधार कार्ड
विद्यालय प्रबंधकों द्वारा आधार कार्ड बनवाने को लेकर प्रश्न उठाया गया, जिस पर जिलाधिकारी ने कहा कि पोस्ट ऑफिस के माध्यम से कैंप लगाकर विद्यालयों में बच्चों का आधार कार्ड बनवाया जाएगा। बैठक में जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि निजी विद्यालयों में बच्चों का आपार आईडी बड़ी संख्या में लंबित है, जिसको शीघ्र बनवाने का निर्देश दिया गया। बैठक में मौजूद विद्यालय प्रबंधन द्वारा आदेशों के अनुपालन पर सहमति व्यक्त की गई तथा यह आश्वासन दिया गया कि विद्यार्थियों एवं अभिभावकों को पुस्तकों, यूनिफॉर्म अथवा अन्य सामग्री किसी एक ही दुकान से खरीदने के लिए बाध्य नहीं किया जाएगा और सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
वहीं जिलाधिकारी ने छात्र एवं अभिभावकों से अपील किया है कि यदि किसी विद्यालय के द्वारा निर्गत आदेश का उल्लंघन किया जाता है तो वे तत्काल संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी अथवा जिला शिक्षा पदाधिकारी को सूचित करें। बैठक में जिलाधिकारी के साथ सदर अनुमंडल पदाधिकारी निशांत सिहारा, प्रशिक्षु आईपीएस अधिकारी हेमंत सिंह, जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन गिरी, डीपीओ समग्र शिक्षा प्रहलाद प्रसाद गुप्ता उपस्थित थे। बैठक में 300 से अधिक निजी विद्यालयों के प्रबंधक एवं प्राचार्य उपस्थित थे।

