उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग में पदभार ग्रहण किया
नितिन नवीन सहित कई अन्य मंत्रियों ने भी अपने विभाग का पदभार ग्रहण किया
पटना। बिहार में नई सरकार के गठन के साथ मंत्रियों ने अपने-अपने विभागों का कार्यभार संभालना शुरू कर दिया है। सोमवार को उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग में पदभार ग्रहण किया।
विभाग पहुंचने पर अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार ने पुष्पगुच्छ देकर उनका स्वागत किया। दूसरी ओर मंत्री नितिन नवीन ने भी पथ निर्माण विभाग का पदभार संभाला। इसके पहले बिजेंद्र यादव ने मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग का पदभार संभाला तो वहीं पशु एवं मत्स्य संसाधन मंत्री सुरेंद्र मेहता और श्रम संसाधन मंत्री संजय सिंह टाइगर ने औपचारिक रूप से अपनी जिम्मेदारी ग्रहण की।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग का पदभार ग्रहण करने के बाद विजय सिन्हा ने कहा, बिहारी अब गाली नहीं बनेगा। स्वाभिमान का प्रतीक बनेगा। किसी माफिया को मैं डराने की बात नहीं करूंगा। भूमि राजस्व के अंदर भी सफेद पोस लोग जो अपराध और भ्रष्टाचार के पोषक बनकर भू माफियाओं को संरक्षित करते हैं। ऐसे चेहरे पर हमारी निगाह रहेगी।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि भू-माफियाओं और उन्हें संरक्षण देने वाले तत्वों पर सरकार की कड़ी नजर रहेगी। सिन्हा ने यह भी याद दिलाया कि वे पहले भी कुछ समय के लिए इस विभाग का हिस्सा रह चुके हैं, और अब राज्य की भूमि सुरक्षा और उसके बेहतर प्रबंधन को मिशन मोड में आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि भूमि से जुड़े सभी कार्य पारदर्शिता के साथ और सामाजिक सौहार्द बनाए रखते हुए अंचल स्तर से विभागीय स्तर तक सुधारे जाएंगे।
मंत्री नितिन नवीन ने पथ निर्माण विभाग का कार्यभार संभाल लिया। विभागीय अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। पदभार ग्रहण करने के बाद नितिन नवीन ने कहा कि उन पर जो भरोसा पार्टी और सरकार ने जताया है, उस पर खरा उतरना उनकी पहली जिम्मेदारी होगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य में सड़क विकास को लेकर जो लक्ष्य तय किया है, उसे पूरा करना विभाग की शीर्ष प्राथमिकता रहेगी।
मंत्री ने यह भी घोषणा की कि योजनाओं को समयसीमा के भीतर पूरा किया जाएगा और 15 दिनों के अंदर विभाग की सभी प्रमुख योजनाओं का विस्तृत रोडमैप प्रस्तुत किया जाएगा। नई सरकार के साथ विभागों में कामकाज तेज़ी से आगे बढ़ने लगा है और मंत्रियों के पदभार ग्रहण करने के साथ प्रशासनिक गतिविधियां और तेज होने की उम्मीद जताई जा रही है।

