मुंशी सिंह महाविद्यालय में लैंगिक संवेदनशीलता एवं समता कार्यशाला का सफल आयोजन
– लैंगिक समानता सामाजिक आवश्यकता नहीं, बल्कि एक न्यायपूर्ण और समावेशी समाज की आधारशिला: प्राचार्य
मोतिहारी। मुंशी सिंह महाविद्यालय एवं एलएनडी कॉलेज, के संयुक्त तत्वावधान में प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान (पीएम-उषा) के अंतर्गत “जेंडर सेंसिटाइजेशन एंड इक्विटी वर्कशॉप” (लैंगिक संवेदनशीलता एवं समता कार्यशाला) का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम समसामयिक सामाजिक संदर्भ में अत्यंत प्रासंगिक विषय—लैंगिक समानता और संवेदनशीलता—पर केंद्रित था।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर मुंशी सिंह महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. एमएन. हक ने अतिथि वक्ताओं का स्वागत करते हुए कहा कि लैंगिक समानता केवल एक सामाजिक आवश्यकता नहीं, बल्कि एक न्यायपूर्ण और समावेशी समाज की आधारशिला है। ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में संवेदनशील दृष्टिकोण विकसित करने हेतु अत्यंत आवश्यक बताया।
एलएनडी. कॉलेज के डॉ. रवि रंजन सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री उच्चतर शिक्षा अभियान (पीएम-उषा) की महत्त्वाकांक्षी योजना है। इस तरह के पहल को न केवल शैक्षणिक गुणवत्ता को सुदृढ़ करने का प्रयास कहा जा सकता है, बल्कि यह सामाजिक जागरूकता को भी बढ़ावा देने में सफल साबित होगी । उन्होंने लैंगिक समानता को सतत् विकास का एक महत्वपूर्ण आधार बताया।
पटना विमेंस कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग की सहायक प्राध्यापक डॉ. फरहत जबीन ने पीपीटी प्रस्तुति के माध्यम से संवादात्मक शैली में लैंगिक संवेदनशीलता के विभिन्न आयामों को स्पष्ट किया। उन्होंने जेंडर को एक सामाजिक निर्मिति के रूप में व्याख्यायित करते हुए उसके मनोवैज्ञानिक पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की। सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक एवं भाषाई स्तरों पर व्याप्त लैंगिक भेदभाव एवं पूर्वाग्रहों को रेखांकित करते हुए इनके उन्मूलन हेतु सकारात्मक पहल की आवश्यकता पर बल दिया।
राजनीति विज्ञान विभाग की सहायक प्राध्यापक डॉ. प्राची राज ने जेंडर की अवधारणा को स्पष्ट करते हुए थर्ड जेंडर के परिप्रेक्ष्य को भी प्रमुखता से प्रस्तुत किया। उन्होंने समाज में प्रचलित रूढ़ मान्यताओं और पूर्वाग्रहों की आलोचनात्मक समीक्षा करते हुए विभिन्न क्षेत्रों के उदाहरणों के माध्यम से लैंगिक समानता के महत्व को रेखांकित किया।
कार्यक्रम का संचालन मुंशी सिंह महाविद्यालय के पीएम-उषा कोऑर्डिनेटर डॉ. गौरव भारती ने की। इस अवसर पर प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने हेतु एक रोचक क्विज प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण डॉ. शफीकुर रहमान, डॉ. दीपक कुमार, डॉ. अलोक कुमार पांडेय, डॉ. शशिकांत यादव, डॉ. अवनीश कुमार मिश्र, ओम प्रकाश राय—तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।

