जीविका निधि बैंक पर आधारित एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन
मोतिहारी। जीविका सामुदायिक संगठनों से जुड़ी महिलाओं को सरल ऋण उपलब्ध कराने के लिए गठित बिहार राज्य जीविका निधि साख सहकारी संघ लिमिटेड की ऋण नीति पर आधारित प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। जिसका शुभारंम्भ मुख्य अतिथि के रूप में आये जीविका के राज्य परियोजना प्रबंधक (सामुदायिक वित्त) संजय कुमार मिश्रा, जीविका निधि बैंक के पदाधिकारी आशुतोष कुमार, जिले के जीविका जिला परियोजना प्रबंधक गणेश पासवान ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्जवलित कर किया। इस अवसर पर सभी जीविका परियोजना कर्मियों ने भाग लिया, जिसमें उन्हें ऋण प्रशासन, पात्रता मानदंड और डिजिटल प्रक्रिया पर प्रशिक्षण दिया गया। जीविका के प्रबंधक सामुदयिक वित्त रवि रंजन कुमार सिंह द्वारा जीविका निधि पर प्रजेंटशन दिया।
बताया कि वर्तमान में महिलाओं को जीविकोपार्जन के लिए तीन प्रकार के ऋण उपलब्ध कराये जायेंगे। यह ऋण अल्पकालिक 15 हजार तक, सूक्ष्म ऋण 15 हजार से 75 हजार तक, लघु ऋण 75 हजार से दो लाख तक मिल सकेगा। जीविका निधि से मिलने वाले उपरोक्त ऋण के विषय में प्रबंधक सामुदयिक वित्त ने बताया कि वर्तमान में 13 प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर लागू रहेगा। जिसकी अवधि क्रमशः अल्पकालिक ऋण अधिकतम 12 माह, सूक्ष्म ऋण अधिकतम 24 माह, लघु ऋण अधिकतम 36 माह की होगी। ऋण के लिए आवेदन से लेकर वितरण
और ऋण वापसी तक की प्रक्रिया जीविका निधि ऐप के माध्यम से की जाएगी। जीविकोपार्जन हेतु ऋण 18 से 65 वर्ष आयु के समूह सदस्य जिनका आधार एवं खाता लोकओएस पर एंट्री किया जा चुका है को, वेरीफाई करते हुए ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। एनपीए खाते वाले समूह सदस्य और सरकारी कर्मचारी ऋण के अपात्र होंगे।
जीविका के जिला परियोजना प्रबंधक गणेश पासवान ने प्रशिक्षण कार्यक्रम में सभी को संबोधित करते हुए जीविका निधि के महत्त्व और उपयोग पर जानकारी दी। उन्होंने कहा जीविका निधि के माध्यम से स्वयं
सहायता समूह महिलाओं को जीविकोपर्जन गतिविधियों को बढ़ाने में मदद मिलेगी। जीविका निधि उनकी अपनी संस्था है, जहां उन्हें सरलता से एवं अधिक वित्तीय सहयोग मिलेगा। इससे उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर होने में मदद मिलेगा। कार्यशाला में राज्य कार्यालय एवं जीविका निधि के पदाधिकारियों ने जीविका निधि बैंक के संचालन एवं नियमो के बारे में विस्तृत रूप से जानकारी दी साथ ही जीविका निधि मोबाइल एप्प के माध्यम से इसका संचालन एवं उपयोग पर विस्तृत चर्चा की गयी।
इस अवसर पर जिले के सभी प्रखंडों के प्रखंड परियोजना प्रबंधक, क्षेत्रीय समन्वयक, सामुदायिक समन्वयक, युवा पेशेवर, जीविकोपार्जन विशेषज्ञ, लेखापाल, कर्यालक सहायक सहित जिला स्तर के सभी प्रबंधकों ने कार्यशाला में भाग लिया। प्रबंधक सामुदयिक वित्त रवि रंजन कुमार सिंह के अलावा अन्य रिसोर्स के रूप में क्षेत्रीय समन्वयक गौरव कुमार ने अपना योगदान दिया।

