15 नवंबर तक भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक की मांग, प्रमुख चौक पर पुलिस बलों की तैनाती के सुझाव
सिकरहना। आगामी पर्व पर घोड़ासहन बाजार में उमड़ने वाली भीड़ और जाम की समस्या से निपटने के लिए सामाजिक कार्यकर्ता पुरुषोत्तम चौधरी ने पहल की है। उन्होंने सिकरहना एसडीओ को आवेदन देकर एक से 15 नवंबर तक सुबह 11 बजे से शाम छह बजे तक शहर में चारपहिया एवं भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र का प्रमुख व्यावसायिक केंद्र होने के कारण घोड़ासहन बाजार में नेपाल सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में खरीदार पहुंचते हैं। पर्व के दौरान भीड़ बढ़ने से यातायात व्यवस्था प्रभावित होती है। ऐसे में समय रहते ठोस व्यवस्था जरूरी है।
चौधरी ने अंबेडकर चौक, भगत सिंह चौक, गुरु गोविंद सिंह चौक एवं वीरता चौक पर दो-दो पुलिस बलों की तैनाती के साथ बाजार की विधि-व्यवस्था के लिए दंडाधिकारी अथवा पुलिस पदाधिकारी नियुक्त करने का सुझाव दिया है। वाहनों के लिए पुरनहिया मोड़ से श्रीपुर बीआरसी होते हुए वीरता चौक-बनकटवा मार्ग को वैकल्पिक रास्ता बनाने की मांग की है।
उन्होंने पूर्व में जारी प्रतिबंध संबंधी आदेश का प्रभावी अनुपालन नहीं होने पर भी चिंता जताई। आवेदन में 2023 में छठ के दौरान बीआरसी रोड पर ट्रैक्टर की ठोकर से नेपाली महिला की मौत की घटना का हवाला देते हुए पर्व से पहले यातायात नियंत्रण की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। सिकरहना एसडीओ विजय कुमार ने बताया कि जाम की समस्या को लेकर स्थानीय प्रशासन से समन्वय कर इस संबंध में पहल की जा रही है।

