किशोरी के अपहरण मामले में दो को पांच वर्षों का सश्रम कारावास
मोतिहारी।चतुर्थ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश राघवेंद्र नारायण सिंह ने शादी की नियत से एक किशोरी की अपहरण मामले में नामजद दो अभियुक्तों को दोषी पाते हुए पांच वर्षों का सश्रम कारावास एवं दस हजार रुपए अर्थ दंड की सजा सुनाए। अर्थ दंड नहीं देने पर अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
सजा पहाड़पुर थाना के सिसवा बाजार निवासी गोरख सिंह व शिवशंकर दास को हुई। मामले में पीड़िता की मां ने पहाड़पुर थाना कांड 23/2008 दर्ज कराते हुए नामजद सहित चार को आरोपित की थी। जिसमें कही थी कि 21 जनवरी 2008 की सुबह 6 बजे उसकी पुत्री घर के सामने से जलावन लाने गई थी । उसी दौरान जान मारने का भय दिखाकर नामजद लोगों ने उसकी नाबालिग पुत्री का अपहरण कर बाइक से बेतिया ले गए। बेतिया से गोरखपुर तथा वहां से उसे लुधियाना ले गए।
पीड़िता को रोने पर अन्य नामजद उसे लेकर मोतिहारी रेलवे स्टेशन आये, जहां से पुलिस ने उसे बरामद कर न्यायालय में प्रस्तुत की। पुलिस ने दो नामजद के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में समर्पित किया था। सत्र वाद संख्या 558/2010 विचारण के दौरान अपर लोक अभियोजक दीपक पटेल एवं सहायक अधिवक्ता मो. शहाबुद्दीन ने नौ गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत कर गवाही कराई। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों के दलीलें सुनने के बाद धारा 366(ए)/34 भादवि में दोषी पाते हुए उक्त सजा सुनाए है।

