पूर्वी चपारण में बंद के आह्वान का नहीं दिखा असर,जनजीवन रहा सामान्य
मोतिहारी। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफा की मांग को लेकर छात्र संगठनों द्वारा बिहार बंद के आह्वान का पूर्वी चंपारण में मिलाजुला असर देखने को मिला। हालांकि जिला मुख्यालय में बंद बेअसर रहा। सामान्य दिनों की तरह दुकान खुली रही सड़कों पर वाहनों का चलना जारी रहा कोर्ट कचहरी आदि आने वालों को कोई परेशानी नहीं हुई ट्रेनों के परिचालन पर भी बंदी का असर नहीं पड़ा बावजूद इसके पुलिस की मुस्तैदी देखने को मिली।
सार्वजनिक स्थलों सहित बस स्टैंड स्टेशन चौक चौराहों पर पुलिस वालों की तैनाती की गई थी खासकर कचहरी चौक कलेक्ट्रेट गेट पर पुलिस प्रशासन की ओर से व्यापक प्रबंध किए गए थे अलबत्ता कोई भी छात्र संगठन बंदी को लेकर सड़क पर नजर नहीं आया।
घोड़ासहन प्रतिनिधि के अनुसारः बिहार बंद के आहृवान पर शनिवार को रक्सौल-दरभंगा रेल खंड के घोड़ासहन रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था का पुख्ता इंतजाम किया गया था। स्टेशन परिसर में लोकल पुलिस, आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम तैनात थी। थानाध्यक्ष अमरजीत कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल स्टेशन और प्लेटफॉर्म पर गश्त कर यात्रियों की सुरक्षा मुस्तैद दिखे।
आरपीएफ स्टाफ टीम में मुख्य रूप से थानाध्यक्ष के अलावें आरपीएफ के कैप प्रभारी सह एएसआई, सुधीर कुमार, एचसी शर्मानंद कुमार, एचसी राहुल वर्मा, जीआरपी के सहदेव प्रसाद, अमर कुमार आदि पूरी तरह से अलर्ट मूड में थे। स्टेशन मास्टर ने बताया कि ट्रेनों का परिचालन सामान्य रहा।

