सड़क दुर्घटना की रोकथाम के लिए उठाये आवश्यक कदम:डीएम
मोतिहारी। जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर गुरुवार समाहरणालय परिसर में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक डीएम सौरभ जोरवाल की अध्यक्षता में हुई।बैठक में एसपी स्वर्ण प्रभात भी उपस्थित रहे। डीएम ने कहा कि सड़क दुर्घटना की रोकथाम को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने थानाध्यक्षों से प्राप्त प्रस्तावों और सुझावों के आधार पर संबंधित सड़क विभागों को आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय करने का निर्देश दिया। दुर्घटना संभावित क्षेत्रो में स्पीड ब्रेकर, चेतावनी बोर्ड, रंबल स्ट्रिप, बैरिकेडिंग और प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। पिपराकोठी फ्लाईओवर के नीचे ट्रैफिक पोस्ट बनाने के लिए एनएचएआई को निर्देशित किया गया।
वहीं एनएच पर बने अवैध कटों को तत्काल बंद कराने का भी आदेश दिया गया, ताकि अनियंत्रित क्रॉसिंग के कारण होने वाली दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके। मोतिहारी-छपवा पथ पर स्थित आईओसीएल के समीप आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय करने को एनएचएआई को निर्देश दिया गया। इसी तरह ढाका रोड स्थित माउंट लिट्रा जी स्कूल के निकट बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए पथ प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता को विशेष प्रबंध करने के निर्देश दिए गए।
डीएम ने कहा कि स्कूलों और पेट्रोल पंपों के आसपास वाहनों की गति नियंत्रण, स्पष्ट साइन बोर्ड और सुरक्षित पैदल पारपथ की व्यवस्था अनिवार्य करने का निर्देश दिया। वहीं सुगौली थाना क्षेत्र के जनता चौक, सिकरहना पुल, अमिर खान टोला, फुलवरिया, चांदनी पेट्रोल पंप और श्रीपुर चौक सहित अन्य चिन्हित स्थानों पर सुरक्षात्मक उपाय करने को एनएचएआई को निर्देशित किया गया।
वहीं जमुनाभार से सैनिक रोड में मिलने वाले चौक पर भी आवश्यक सुरक्षा प्रबंध सुनिश्चित करने को कहा गया। जबकि, पिपराकोठी और कोटवा थाना क्षेत्र के दुर्घटना संभावित स्थलों पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तेज करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में सड़क दुर्घटनाओं में मृतक या घायल के परिजनों को मिलने वाले मुआवजा भुगतान की भी समीक्षा की गई। जिला परिवहन पदाधिकारी को लंबित आवेदनों पर त्वरित कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। साथ ही सभी थानाध्यक्षों को निर्देशित किया गया कि वे पीड़ित परिवारों को मुआवजा योजना की जानकारी देकर आवेदन कराने में मदद करें।
सभी थानाध्यक्षों को सड़क दुर्घटनाओं की शत-प्रतिशत प्रविष्टि निर्धारित अवधि के भीतर आई-रेड और सी-डार पोर्टल पर अपलोड करने का निर्देश दिया गया। इससे दुर्घटनाओं के आंकड़ों का सही विश्लेषण कर नीतिगत निर्णय लेने में मदद मिलेगी। बैठक में पुलिस उपाधीक्षक यातायात, संबंधित थाना प्रभारी, एनएचएआई के पदाधिकारी, पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता, अपर जिला परिवहन पदाधिकारी समेत अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

