प्रकृति को समझना और उसकी रक्षा करना सबका दायित्व
तुरकौलिया। प्रखण्ड के राम उग्रह सिंह कुशवाहा उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पर्यावरण संरक्षण गति विधि एवं नेत्रिका फाउंडेशन के बैनर तले वन विभाग के सहयोग से पर्यावरण की पाठशाला सह पौधा रोपण कार्यक्रम कुया किया गया।
पाठशाला में बच्चों को सम्बोधित करते हुए महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय के प्रो डॉ अमित रंजन ने ऑप्टोजेनेटिक्स पर प्रकाश डालते हुए कहा कि विज्ञान और प्रकृति में गहरा संबंध है। उन्होंने कहा कि पूजा पाठ और देवी देवताओं की आराधना तभी सार्थक होगा , जब हमें प्रकृति को समझेंगे और उसकी रक्षा करेंगे। जिस प्रकृति की गोद में हमारा जीवन पलता है, उसकी रक्षा करना भी हमारा नैतिक कर्तव्य है।केवी सी विजेता पर्यावरणविद सुशील कुमार ने जैव विविधता पर प्रकाश डाला।
वहीं डॉ विनय कुमार सिंह ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी तेजी से पर्यावरण के प्रति संवेदनशील हो रहे हैं जिसका जीता जागता उदाहरण आज का यह कार्यक्रम है।चम्पारण के चिन्तामनपुर की बेटी पूर्व अधिकारी एस बी आई श्रीमती ऋतु रानी जो घटती हरियाली, पेड़ों की कटाई, बढ़ते प्रदूषण और बिगड़ते पर्यावरण को संतुलित करने में अपनी भूमिका निभा रही है।
सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती एवं श्रीमती रानी ने अपनी 50 वीं जन्मदिन पर पौधों की सुरक्षा के लिए गेबियन भेंट कर युवाओं को सन्देश में कही पौधारोपण केवल एक अभियान नहीं, बल्कि भविष्य को सुरक्षित रखने की संदेश है। जब कि डॉ कमलेश कुमार ने प्रकृति और प्रगति विषय पर प्रकाश डालते हुए कहा की हम अपने घरों, विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों और आसपास के खाली स्थानों की साफ सफाई के साथ पेड़ लगा कर प्रकृति संरक्षण के एक सकारात्मक संदेश से जोड़ सकते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रकृति की रक्षा केवल पौधे लगाने से नहीं, उन्हें पेड़ बनने तक सँभालने को कहा।कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाध्यापक नवीन कुमार पाण्डेय व संचालन सामाजिक कार्यकर्ता विनय कुमार ने की।कार्यक्रम के अंत में अतिथियों ने बच्चों के साथ विद्यालत परिसर में सुरक्षा के साथ पौधरोपण किया
मौके पर प्राचार्य डॉ दुर्गेश मणि त्रिपाठी, नवनीत कुमार गिरि ने बच्चों को संबोधित किया। इस अवसर पर राज गुरु,राजकिशोर सिंह, आनन्द भारती, जेया कमाल,पंकज कुमार, अमृत कुमार, विकास कुमार पांडेय, अभिमन्यु कुमार, मंजय कुमार, आशुतोष कुमार, सोनी कुमारी, रमेश कुमार द्विवेदी, गुलाम मोहिउद्दीन के साथ बड़ी संख्या में छात्र छात्राएं उपस्थित रहे।

