स्नैपचैट पर प्यार, शादी का झांसा, भारत से नेपाल ले जाने के दौरान नाबालिग बरामद, युवक गिरफ्तार
रक्सौल। भारत-नेपाल सीमा पर मानव तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत गुरुवार को सशस्त्र सीमा बल की एएचटीयू, बीआईटी टीम, प्रयास जुवेनाइल एड सेंटर और स्वच्छ रक्सौल संस्था की संयुक्त टीम ने बड़ी सफलता हासिल की।
संयुक्त कार्रवाई में नेपाल ले जाई जा रही एक 16 वर्षीय नाबालिग किशोरी को सुरक्षित बरामद किया गया, जबकि उसे अपने साथ ले जा रहे युवक को गिरफ्तार कर हरैया थाना पुलिस के हवाले कर दिया गया। जानकारी के अनुसार, संयुक्त टीम भारत-नेपाल सीमा स्थित मैत्री पुल पर नियमित जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान भारत से नेपाल की ओर जा रहे एक युवक और उसके साथ मौजूद बुर्का पहने किशोरी पर टीम को संदेह हुआ। दोनों को रोककर पूछताछ की गई, लेकिन उनके बयानों में कई विरोधाभास सामने आए।
इसके बाद किशोरी की अलग से काउंसलिंग कराई गई, जिसमें पूरे मामले का खुलासा हुआ। किशोरी ने बताया कि वह पूर्वी चंपारण जिले की रहने वाली है। करीब एक वर्ष पहले उसकी पहचान सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म स्नैपचैट के जरिए शिवम केशरी नामक युवक से हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और युवक ने प्रेम संबंध तथा शादी का भरोसा देकर उसे अपने प्रभाव में ले लिया। आरोप है कि युवक ने नेपाल में नौकरी दिलाने और साथ रहने का सपना दिखाकर किशोरी को घर से भागने के लिए तैयार किया। किशोरी के अनुसार, वह 22 जुलाई की रात बिना परिवार को बताए घर से निकलकर मोतिहारी बस स्टैंड पहुंची, जहां पहले से मौजूद युवक उसे अपने साथ रक्सौल लेकर आया। इसके बाद दोनों काठमांडू जाने की तैयारी में थे।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों की नजर से बचने के लिए युवक ने किशोरी को बुर्का पहनने की सलाह दी थी, ताकि किसी को उन पर संदेह न हो। मामले की गंभीरता को देखते हुए संयुक्त टीम ने किशोरी को सुरक्षित संरक्षण में लिया और उसके परिजनों को सूचना दी। वहीं आरोपी शिवम केशरी को हरैया थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।
हरैया थानाध्यक्ष किशन कुमार पासवान ने बताया कि मामले में कांड संख्या 104/2026 के तहत प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। वहीं अब यह भी पता लगाया जा रहा है कि कहीं इसके पीछे मानव तस्करी का कोई बड़ा नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है।
इस रेस्क्यू अभियान में एएचटीयू, 47वीं वाहिनी एसएसबी रक्सौल से हवलदार अरविंद द्विवेदी, महिला सिपाही विभा कुमारी एवं राजन कुमारी, बीआईटी एसएसबी से हवलदार सरना बसु तथा महिला सिपाही कामिनी और शबनम कुमारी, प्रयास जुवेनाइल एड सेंटर से आरती कुमारी एवं अभिषेक कुमार तथा स्वच्छ रक्सौल संस्था से रणजीत सिंह और साबरा खातून ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
सीमा पर संयुक्त टीम की सतर्कता और समय रहते की गई कार्रवाई से एक संभावित मानव तस्करी की घटना टल गई तथा एक नाबालिग किशोरी को सुरक्षित बचा लिया गया।

