पुलिस ने नोट डब्लर गैंग के बड़े सिंडिकेट का किया भंडाफोड
-1.26 करोड़ जाली नोट बरामद, चार गिरफ्तार
-आर्म्स , जिंदा कारतूस , सोने जैसा बिस्किट , पुलिस का बूट , दो बाइक और एक कार सहित 13 लाख कैश बरामद
-मुफ्फसिल,कल्याणपुर और भोपतपुर थाना क्षेत्र में चला आपरेशन, चार डीएसपी और आधे दर्जन थानेदार रेड में शामिल
पूर्वी चंपारण। जिले के भोपतपुर थाना क्षेत्र के जसौली पंचायत के वृत्त टोला गांव से पुलिस ने नोट डब्लर गैंग के बड़े सिंडिकेट का उद्भेदन किया है । इस मामले में पुलिस ने कुल 1 करोड़ 26 लाख का जाली नोट, सोने के बिस्किट , दो बाइक , कार , पुलिस का बूट , वर्दी और हथियार बरामद कर चार तस्कर को हिरासत में लिया है। मंगलवार देर रात एसपी स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर पुलिस ने भोपतपुर में एक बड़े ऑपरेशन को अंजाम देते हुए कथित जाली नोट और ठगी के नेटवर्क का पर्दाफाश किया है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, भोपतपुर के जसौली निवासी सुलेमान अंसारी और इम्तियाज के ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई, जहां से उक्त दोनों सहित चार लोगों को हिरासत में लिया गया है। इस अभियान में दो प्रशिक्षु डीएसपी सहित 4डीएसपी और पांच थानों की पुलिस शामिल थी। रेड में जिला आसूचना इकाई और अन्य पुलिसकर्मी भी शामिल रहे। पुलिस टीम ने कई घंटों तक अलग-अलग स्थानों पर तलाशी ली और संदिग्ध सामान को अपने कब्जे में लिया।

छापेमारी के दौरान जसौली पंचायत से 1 करोड़ 1 लाख फेक इंडियन करेंसी बरामद हुआ। जिसके बाद मुफ्फसिल थाना क्षेत्र और कल्याणपुर थाना क्षेत्र से 25 लाख फेक आईसी जिसपर चिल्ड्रेन बैंक अंकित था उसे बरामद किया गया। इसके अलावे 13 लाख 20 हजार रुपये नकद, 38 सोने जैसा बिस्किट , देशी कट्टा , 8 जिंदा कारतूस , दो बाइक , एक चारपहिया वाहन , पुलिस का बूट , बेल्ट , टी शर्ट , टोपी बरामद की गई। बरामद किए गए सभी सामान की जांच की जा रही है और विशेषज्ञों की मदद से नोटों और सोने की वैधता की भी पड़ताल की जाएगी।असली लेकर दोगुना और तिगुना देते थे नकली नोट, गड़बड़ी पर पुलिस बनकर हड़काया जाता था
हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ के दौरान ठगी का एक बेहद सुनियोजित तरीका सामने आया है।ये लोग ग्राहक को 1 के बदले दो या तीन लाख तक दे देते थे। दरअसल पहले ये लोग कस्टमर को अधिक असली रुपया देते थे , जो बाजार में आराम से चल जाता था। विश्वास जितने के बाद नोटो के बंडल के ऊपर और नीचे एक या दो असली नोट और बाकी नकली नोट डालकर बंडल पकड़ा देते थे। ग्राहक को जब शक होता था या फिर वह बंडल को उलट पलट कर देखने का प्रयास करता था तो इनका सहयोगी पुलिस बनकर आ धमकता था और हड़काते ही सामने वाला भाग खड़ा होता था। इस तरह लोगों का भरोसा जीत कर फिर उन्हें ठगा जाता था।
– दिल्ली से मंगाते थे फेक करेंसी
गिरफ्तार बदमाशों ने पुलिस को बताया कि वे लोग जाली नोट दिल्ली से मंगाते थे। इसे नेपाल सहित उतर प्रदेश और अन्य जगहों पर खपाया जाता था। इस सिंडिकेट को खगालने के लिए पुलिस की कई टीम काम कर रही है। पुलिस की रेड भोपतपुर के अलावे मुफ्फसिल , कल्याणपुर आदि थाना क्षेत्र में की गई। वही गिरफ्तार अपराधियों से मिले इनपुट के आधार पर सिंडिकेट के कनेक्शन को खंगाला जा रहा है।
-पुलिस टीम इन अधिकारियों को किया गया था शामिल
पुलिस टीम में डीएसपी सदर 1 दिलीप कुमार , सदर टू जितेश पांडे , प्रशिक्षु डीएसपी अभिषेक कुमार , कुमारी प्रियंका , ढाका थानाध्यक्ष राजरूप राय , इंस्पेक्टर साइबर सेल एजाज अहमद , मुफस्सिल थाना अध्यक्ष अमित कुमार , भोपतपुर थाना अध्यक्ष विकास कुमार , कल्याणपुर थाना अध्यक्ष विनीत कुमार , कोटवा थाना अध्यक्ष मुकेश कुमार , पिपरा कोठी थाना अध्यक्ष अभिषेक कुमार , सहित बड़ी संख्या में पुलिस बल और डीआईयू की टीम शामिल थी।

