सरकारी बंगला किसी की बपौती नहीं : सम्राट
पटना। बिहार की सियासत में बंगले को लेकर घमासान मचा हुआ है। सरकार ने विधान परिषद में विरोधी दल की नेता राबड़ी देवी को दूसरा आवास आवंटित किया है, लेकिन वह 10 सर्कुलर रोड का आवास छोड़ने को तैयार नहीं हैं। राबड़ी देवी ने कहा कि वह 10 सर्कुलर का आवास खाली नहीं करेंगी, इसको लेकर पक्ष और विपक्ष के बीच संग्राम छिड़ गया है।
इस बीच शेखपुरा और मुजफ्फरपुर में मंगलवार को कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिना नाम लिए राबड़ी देवी और राजद पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को चिंता होती है कि हमारा आवास बचा रहे, मैं तो पिछले 10 वर्षों में कई बार मंत्री बना, उप मुख्यमंत्री बना, बिहार का गृह मंत्री भी रहा, लेकिन में सरकारी आवास में नहीं रहता था। मात्र 2400 स्क्वायर फिट के मकान में रहता था। सम्राट चौधरी ने कहा कि 15 अप्रैल को मै मुख्यमंत्री बना, नीतीश कुमार को धन्यवाद देता हूं कि 1 मई को उन्होंने अपना सरकारी आवास खाली कर दिए, जो लोकतंत्र में जनता का सेवक होता है लोग उसको देखना चाहते हैं। पहले दिन जब मैं मुख्यमंत्री आवास में गया तो कुछ लोगों ने कहा कि बाहर में लिखवा दीजिए की यह लोक सेवक का आवास है और यह जनता की सेवा करने का माध्यम है।
उन्होंने कहा कि यहां किसी का बपौती नहीं हो सकता है, यह राजतंत्र नहीं है कि आपको जो आवास मिला है, उसी आवास में रहेंगे। मैं तो 1999 में सरकार में मंत्री के तौर पर आया, आज जिस आवास में हूं वह मेरा ग्यारवां आवास है। मात्र तीन आवास में ही स्वयं रहा और बाकी में कार्यालय चलाने का काम किया, लेकिन कुछ लोगों को मोह हो गया है।
बेटा को अलग आवास चाहिए, माता जी को अलग चाहिए और जनता को छोड़ दीजिए। हम लोग जनता के काम के लिए आए हैं, इसलिए आवास की चिंता छोड़ दीजिए। उन्होंने कहा कि जिस दिन पार्टी और हमारे नेता कहेंगे कि आपका काम यहीं पर समाप्त होता है, सम्राट चौधरी 24 घंटे में अपना झोला उठाकर अपने निजी आवास में चला जाएगा।

