15 दिनों के अंदर ऋण स्वीकृत करें बैंककर्मी: सांसद
– विभिन्न बैंकों के प्रगति की समीक्षोपरांत डीडीसी ने कम प्रगति वाले बैंककर्मियों को लगाई फटकार
मोतिहारी। डीएलसीसी व डीएलआरएसी की तृतीय तिमाही के बैंकों के प्रगति को लेकर समीक्षात्मक बैठक हुई।समाहरणालय स्थित डॉ. राधा कृष्णन भवन सभागार में बुधवार को जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति एवं जिला स्तरीय समीक्षा समिति की तृतीय तिमाही (2025-26) दिसंबर 25 की बैठक उप विकास आयुक्त (डीडीसी) डॉ. प्रदीप कुमार की अध्यक्षता में हुई। उक्त बैठक में सांसद राधा मोहन सिंह, उप विकास आयुक्त डॉ. प्रदीप कुमार , सांसद बेतिया प्रतिनिधि प्रदीप सर्राफ, सांसद शिवहर प्रतिनिधि चन्द्रशेखर सिंह, नगर उप महापौर लाल बाबू प्रसाद, बिहार ग्रामीण बैंक क्षेत्रीय प्रबंधक मनीष कुमार, एलडीओ आरबीआई, डीडीएम नाबार्ड, अग्रणी जिला प्रबंधक राजेन्द्र कुमार पांडेय, मुख्य प्रबंधक भारतीय स्टेट बैंक, मुख्य प्रबंधक इंडियन बैंक जिला पशुपालन पदाधिकारी, जीविका सहित विभिन्न बैंकों के जिला समन्वयक शामिल थे।
बैठक में जिला संबंधित पदाधिकारियों व बैंक प्रबंधकों के साथ सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा की गयी। वार्षिक ऋण योजना की तृतीय तिमाही, केसीसी, प्राथमिकता क्षेत्र, ऋण-जमा अनुपात, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, पीएमईजीपी, जिला साख योजना उपलब्धि, पीएमएफएमई, पीएमएसवीए निधि, महिला स्वयं सहायता समूह के क्रेडिट लिंकेज, गव्य विकास योजना, पशुपालन एवं मत्स्य पालन हेतु केसीसी , मुद्रा ऋण और पीएमएसबीवाई, पीएमजेजेबीवाई सहित अन्य की भी समीक्षा की।
जिला साख योजना के अन्तर्गत अच्छी उपलब्धि वाले बैंकों जैसे इंडियन ओवरसीज बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया इत्यादि बैंकों की सराहना की गई जबकि कम उपलब्धि वाले बैंकों इंडियन बैंक एवं बंधन बैंक को अपना प्रदर्शन सुधारने के फटकार लगाई गई। जिला साख अनुपात के परिप्रेक्ष्य में पंजाब नेशनल बैंक एवं इंडियन बैंक को छोड़कर सभी बैंकों के प्रदर्शन के साथ जिले के साख जमा अनुपात 79.19 प्रतिशत की सराहना की।
सांसद राधा मोहन सिंह ने बैंकों से सरकार प्रायोजित योजनाओं के आवेदनों को यथाशीघ्र निष्पादन पर विशेष जोर दिया, लम्बित न रखने की सलाह दी, उन्होंने कहा कि बैंक किसी भी परिस्थिति में 15 दिनों के अन्दर ऋण आवेदनों का निष्पादन करें। सांसद ने बैंकों को ऋण आवेदनों को उचित कारण के साथ निरस्त करने की सलाह दी। सांसद ने सभी बैंकों को इस तरह के जिला स्तरीय बैठक में लिए गए निर्णय को गंभीरता से लेने के लिए कहा। उप विकास आयुत के ने पीएमजीपी एवं पीएमएफएमई की गहन समीक्षा बैंकवार की। उन्होंने बैंक के विभिन्न ब्रांचों में लंबित सभी आवेदनों को यथाशीघ्र निष्पादन तथा जिनका लक्ष्य पूरा नहीं हुआ है या शून्य है, उसको लक्ष्य पूरा कर अग्रणी जिला कार्यालय को अविलंब सूचित करने का सख्त निर्देश दिया। अंत में एलडीएम राजेन्द्र कुमार पांडेय ने बैठक में उपस्थित सभी लोगों का धन्यवाद ज्ञापन किया।

