ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती देगा सहकारिता मॉडल : रामकृपाल यादव
पटना। सहकारिता विभाग के मंत्री राम कृपाल यादव ने शुक्रवार को पदभार ग्रहण किया।पदभार ग्रहण करने के उपरांत मंत्री द्वारा विभागीय अधिकारियों के साथ प्रारंभिक समीक्षा बैठक कर विभाग की प्राथमिकताओं एवं भावी कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की।इस मौके पर उन्होंने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती देगा सहकारिता मॉडल ।
मंत्री ने कहा कि राज्य की ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ करने में सहकारिता की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। सहकारिता केवल आर्थिक व्यवस्था नहीं, बल्कि सामाजिक सशक्तिकरण का भी प्रभावी माध्यम है। सहकारी संस्थाओं को मजबूत बनाकर ग्रामीण क्षेत्रो में रोजगार के अवसर सृजित किये जा सकते हैं तथा किसानों, महिलाओं एवं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि सहकारिता विभाग के माध्यम से सहकारी समितियों का निबंधन, उनके सचालन का अनुश्रवण, सहकारी बैंकों के जरिए कृषि एवं गैर-कृषि साख की व्यवस्था तथा खाद्यान्न अधिप्राप्ति के माध्यम से किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य दिलाना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारियों में शामिल है। राज्य सरकार का उद्देश्य है कि सहकारी संस्थाओं के माध्यम से किसानों एवं ग्रामीण उत्पादकों को उनके उत्पाद का उचित मूल्य और बेहतर बाजार उपलब्ध कराया जाए।
मंत्री ने विभाग की भावी प्राथमिकताओं को रेखांकित करते हुए कहा कि पैक्सों को ग्रामीण अर्थव्यवस्था के बहुआयामी केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। कृषि इनपुट, भंडारण, खाद्य प्रसंस्करण, विपणन एवं अन्य व्यवसायिक गतिविधियों को पैक्सों से जोड़कर स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि पैक्स सहकारिता व्यवस्था की सबसे मजबूत कड़ी है और इसके सर्वांगीण विकास के लिए विशेष पहल की जाएगी।

