मोतिहारी पुलिस ने पाकिस्तान से संचालित डिजिटल अरेस्ट कर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का किया खुलासा,4 गिरफ्तार

मोतिहारी पुलिस ने पाकिस्तान से संचालित डिजिटल अरेस्ट कर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का किया खुलासा,4 गिरफ्तार
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पूर्वी चंपारण,15 अप्रैल (हि.स.)।एसपी स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर साइबर डीएसपी व चकिया डीएसपी के नेतृत्व में गठित टीम को साइबर अपराध के विरूद्ध बड़ी सफलता मिली है।

टीम ने अंतरराष्ट्रीय साइबर फ्रॉड गिरोह का खुलासा करते हुए चार शातिर साइबर अपराधियों को पकड़ा है,यह सभी गिरफ्तार साइबर अपराधी पाकिस्तान में बैठे अपने आकाओं के इशारे पर आम लोगों को ‘डिजिटल अरेस्ट’ के जाल में फंसाकर उनसे मोटी रकम वसूलते थे और उस पैसे को सीमा पार पाकिस्तान भेज रहे थे। दरअसल पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि अंकित कुमार नामक युवक साइबर फ्राॅड जैसे अपराध को अंजाम दे रहा है। जो फिलहाल कल्याणपुर में एक एटीएम के पास है। जिसके बाद साइबर डीएसपी अभिनव पराशर और चकिया डीएसपी संतोष कुमार के नेतृत्व में कल्याणपुर थानाध्यक्ष विनीत कुमार ने कल्याणपुर थाना क्षेत्र के एक एटीएम के समीप से अंकित को दबोच लिया।

पकड़े गए अंकित ने कई अहम खुलासे किये जिसके बाद विशेष टीम ने कारवाई करते हुए सभी अपराधियों को गिरफ्तार किया। जिनकी पहचान अंकित कुमार (खटोलवा), युवराज कुमार (फुलतकिया केसरिया), मोहम्मद साहिल (मानिकपुर गड़हिया) और चुन्नू कुमार (मझौलिया) के रूप में हुई है। पूछताछ के दौरान गिरफ्तार अपराधियो ने स्वीकार किया कि वे पाकिस्तानी से संचालित साइबर अपराध के एक बड़े गिरोह के लिए काम कर रहे थे। ये अपराधी सोशल मीडिया पर भ्रामक विज्ञापनों और फर्जी कानूनी कार्रवाई का डर दिखाकर लोगों को ‘डिजिटल अरेस्ट’ करते थे।

ठगी से प्राप्त राशि को ये लोग कैश डिपाॅजिट मशीन से पाकिस्तान भेजते थे। इसके बदले पाकिस्तान में बैठे इनके आका इन लोगो को ठगी की रकम का 10 प्रतिशत कमीशन देते थे।पुलिस ने अपराधियों के पास से 07 विभिन्न बैंकों के पासबुक, 10 एटीएम कार्ड, एक ब्लेंक चेक, 5 मोबाइल फोन और एक लैपटॉप के अलावा साइबर अपराध से अर्जित पैसे से खरीदी गई दो R15 बाइक और एक पल्सर बाइक भी बरामद किया है।छापेमारी टीम में साइबर डीएसपी व चकिया डीएसपी के अलावे कल्याणपुर थानाध्यक्ष विनीत कुमार, पुअनि मुकेश कुमार, साइबर थाना के प्रत्यूष विक्की, शिवम कुमार, प्रियंका कुमारी और सौरव आजाद शामिल थे।फिलहाल पुलिस इस गिरोह के संपर्कों और ट्रांजैक्शन डिटेल्स को खंगालने में जुटी है।

anand prakash

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