मुख्यमंत्री के संभावित यात्रा को लेकर तिरहुत रेंज के आयुक्त ने पूर्व संचालित कार्यों का लिया जायजा
– डीएम को दिए कई निर्देश कहा पूर्व की यात्रा के दौरान किए गए शिलान्यास का कार्य शीघ्र कराएं पूर्ण
मोतिहारी। मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर तिरहुत प्रमंडल के आयुक्त गिरिवर दयाल सिंह सोमवार को अबतक कराए गए कार्यों का निरीक्षण कर जिलाधिकारी को कोई आवश्यक निर्देश दिए।
उन्होने मुख्यमंत्री के 2024 में प्रगति यात्रा के दौरान की गई घोषणाओं से संबंधित स्थलों एवं वहां चल रहे कार्यी की प्रगति का जायजा लिया। साथ ही सात निश्चय पार्ट 2 से संबंधित योजनाओं के प्रगति की जानकारी प्राप्त की। तिरहुत आयुक्त सर्वप्रथम मोतिहारी स्थित कृषि उत्पाद बाजार समिति के जीर्णोद्धार/आधुनिकीकरण के कार्य का अवलोकन के साथ ही संबंधित सभी जरूरी जानकारी प्राप्त की ।
इस क्रम में मोतिहारी स्थित महिला औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) का भ्रमण किया।
उन्होंने टाटा टेक्नोलॉजी सेंटर आफ एक्सीलेंस का निरीक्षण किया । निरीक्षण के दौरान सभी सेटअप,लैब, प्रशिक्षण की सुविधाओं/ टूल्स आदि को देखा। उन्हें बताया गया कि यह परियोजना सात निश्चय पार्ट 2 के अंतर्गत संचालित की जा रही है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना का उद्देश्य आईटीआई संस्थानों को सेंटर एक्सीलेंस के रूप में विकसित करना है। सेंटर एक्सीलेंस के माध्यम से विद्यार्थियों को आधुनिक मशीनों, नवीनतम टेक्नोलॉजी, इंडस्ट्री स्टैंडर्ड पाठ्यक्रम और प्रैक्टिकल आधारित प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है।

आयुक्त ने मोतिहारी और कोटवा को जोड़ने वाले मजुरहा में धनौती नदी पर बन रहे पुल का भी निरीक्षण किए। बताया गया कि इस पुल के बन जाने से मोतिहारी का संपर्क सीधे कोटवा से हो जाएगा। जिससे दूरी भी काफी कम हो जाएगी। यहां पर पुल निर्माण की प्रगति को देखकर आयुक्त ने निर्देश दिया कि निर्धारित समयावधि में सभी निर्माण कार्य पूर्ण कर लिया जाए। भ्रमण के दौरान उप विकास आयुक्त डॉ. प्रदीप कुमार, नगर आयुक्त सह सदर अनुमंडल पदाधिकारी श्री निशांत सिहारा भी उपस्थित थे।
संभव है, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 17 जनवरी को मोतिहारी आएंगे। इस बार में पब्लिक पिटीशन भी लेंगे। जाहिर है जिन अधिकारियों के विरुद्ध शिकायत दर्ज कराई गई होगी, उनके विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की प्रबल संभावना है।
अलबत्ता इसकी जद में ज्यादातर राजस्व से जुड़े कर्मचारी अंचलाधिकारी आएंगे, चुकी ये लोग जमीन में हेराफेरी कर अकूत संपत्ति कमाने में जुटे हैं। सीएम एवं डिप्टी सीएम एक किसान के घर से जन्मे व्यक्ति है। जाहिर है वे इस तरह की हेराफेरी को बर्दाश्त नहीं करेंगे। साफ है। ऐसे में राजस्व से जुड़े अधिकारी, कर्मचारी समय रहते संभाल नहीं पाए तो कार्रवाई तय है।
इसकी जद में ज्यादातर राजस्व से जुड़े कर्मचारी अंचलाधिकारी आएंगे, चुकी ये लोग जमीन में हेराफेरी कर अकूत संपत्ति कमाने में जुटे हैं। सीएम एवं डिप्टी सीएम एक किसान के घर से जन्मे व्यक्ति है। जाहिर है वे इस तरह की हेराफेरी को बर्दाश्त नहीं करेंगे। साफ है। ऐसे में राजस्व से जुड़े अधिकारी, कर्मचारी समय रहते संभाल नहीं पाए तो कार्रवाई तय है।

