भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जन्म शताब्दी पर होगा कई कार्यक्रमों का आयोजन
वाजपेई जी का मोतिहारी से आत्मीय लगाव : राधा मोहन
मोतिहारी। पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न व दूरदर्शी राजनेता स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जन्म शताब्दी इस वर्ष है। उन्होंने भारत को 21वीं सदी में अग्रसर किया। उनके सुशासन की विरासत में पोखरण द्वितीय परियोजना, कारगिल युद्ध के दौरान उनका नेतृत्व और प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना का शुभारंभ जैसी महत्वपूर्ण उपलब्धियां शामिल हैं। उनकी विरासत को सम्मान देने और नागरिकों को प्रेरित करने के लिए एक अभियान प्रस्तावित किया गया है। जो संवाद, सांस्कृतिक और शासन केंद्रित पहलों के माध्यम से उनके जीवन, उपलब्धियों और चिरस्थायी मूल्यों को उजागर करेगा।उक्त बातें सांसद पूर्व केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री राधा मोहन सिंह ने कहीं।

उन्होंने कहा कि भारत रत्न, पूर्व प्रधानमंत्री अज्ञेय अटल बिहारी वाजपेयी के जन्म शताब्दी वर्ष पर 25 दिसंबर से “अटल स्मृति वर्ष” का आयोजन पूरे देश भर में किया जा रहा है। गौरतलब है कि मोतिहारी से अटल जी का बहुत गहरा संबंध रहा है। मोतिहारी में उन्होंने आंदोलन किया है, और जेल भी गए हैं। मोतिहारी में उनकी स्मृति में कई कार्यक्रम आयोजित किये गए हैं। 25 दिसंबर का सांसद श्री सिंह निर्धारित कार्यक्रम के अंतर्गत 10 बजे सुबह अटल पार्क, कचहरी चौक पर पुष्पार्पण के पश्चात 11 बजे कचहरी स्थित राजेन्द्र प्रसाद सभा भवन में सांसद खेल स्पर्धा का समापन और प्रधानमंत्री का वर्चुअली संबोधन सुनेंगे। 12 बजे टॉउन हॉल में अटल स्मृति सम्मेलन सह कवि सम्मेलन में शामिल होंगे, 01 बजे कृषि विज्ञान केन्द्र में जय जवान- जयकिसान – जय विज्ञान कार्यक्रम चौपाल और संध्या 4 बजे कचहरी स्थित अटल पार्क में डाक चौपाल में भाग लेंगे। संध्या 05 बजे अटल चौक पर अटल जी के जीवन, सामाजिक और राजनीतिक यात्रा पर आधारित “अटल प्रदर्शनी” का उद्घाटन श्री सिंह करेंगे।

