वाल्मीकिनगर बराज से गंडक नदी में 110,000,700 क्यूसेक पानी छोड़ा गया, प्रशासन अलर्ट
मोतिहारी। वाल्मीकिनगर स्थित गंडक बराज से गंडक नदी में शुक्रवार, 25 सितंबर को शाम 5:00 तक बजे तक 110,700 क्यूसेक पानी छोड़े जाने की सूचना है। जल संसाधन विभाग के आंकड़ों के अनुसार बराज से पानी के डिस्चार्ज में वृद्धि दर्ज की गई है और नदी का प्रवाह बढ़ने की स्थिति में है। गंडक नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए पूर्वी चंपारण अंतर्गत गंडक नदी किनारे के क्षेत्रों में प्रशासन एवं संबंधित विभागों द्वारा निगरानी रखी जा रही है। जिलाधिकारी सौरव सुमन यादव ने बताया है कि गंडक नदी के जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है। फलस्वरूप लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है। प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है। अभियंताओं सहित जल संसाधन से जुड़े अधिकारियों को अलर्ट मूड में रहने का निर्देश दिया गया है। तटबंधों की निगरानी की जा रही है। एनडीआरएफ की टीम के अलावा कई नाविकों के साथ एग्रीमेंट किया गया है, जो नदी के जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। हेल्थ डिपार्टमेंट, मवशी डिपार्मेंट को भी अलर्ट रहने को कहा गया है। इसके अतिरिक्त संबंधित अधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी को गंडक नदी के जलस्तर पर नजर बनाए रखने को कहा गया है। फिलहाल प्रशासन की ओर से माईकिंग कराई जा रही है, ताकि लोग निचले इलाके को छोड़ ऊंचे स्थान पर चले जाएं। नदी के जलस्तर में वृद्धि को देखते हुए तटवर्ती एवं निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने की अपील की जा रही है। लोगों को नदी के किनारे अनावश्यक रूप से नहीं जाने तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
जल संसाधन विभाग द्वारा बराज एवं नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। नेपाल की स्थिति के अनुसार आगे पानी के डिस्चार्ज में परिवर्तन हो सकता है।

