कारा सुधार समिति ने सेंटल जेल मोतिहारी का निरीक्षण किया
जेल को केवल बंदीगृह नहीं, सुधारगृह के रूप में विकसित करने की है आवश्यकता: सौरभ
मोतिहारी। बिहार विधान परिषद की कारा सुधार समिति की अध्ययन यात्रा के क्रम में केंद्रीय कारा मोतिहारी का विस्तृत निरीक्षण किया गया। यह निरीक्षण समिति के अध्यक्ष राजीव कुमार एवं संयोजक सौरभ कुमार के संयुक्त नेतृत्व में संपन्न हुआ। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कारा प्रशासन की मौजूदगी में जेल परिसर की व्यवस्थाओं का गहन अवलोकन किया गया।
निरीक्षण के दौरान भवन निर्माण विभाग, विद्युत विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा नगर निगम के संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। इनके साथ जेल अधीक्षक एवं अन्य कारा पदाधिकारियों ने भी निरीक्षण में भाग लिया। समिति ने कारा के विभिन्न वार्डों, पाकशाला, चिकित्सालय, सुरक्षा व्यवस्था, जलापूर्ति, विद्युत आपूर्ति और स्वच्छता की स्थिति का बारीकी से निरीक्षण किया। समिति के सदस्यों ने विशेष रूप से बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही मूलभूत सुविधाओं की गुणवत्ता पर ध्यान केंद्रित किया।
उन्होंने स्वच्छ पेयजल, पौष्टिक भोजन, नियमित स्वास्थ्य जांच तथा चिकित्सा सेवाओं की उपलब्धता की स्थिति का जायजा लिया। इसके साथ ही बंदियों के मानसिक, सामाजिक एवं व्यावसायिक पुनर्वास से जुड़ी गतिविधियों की भी समीक्षा की गई। निरीक्षण के दौरान अध्यक्ष राजीव कुमार और संयोजक सौरभ कुमार ने कारा प्रशासन को स्पष्ट निर्देश दिया कि बंदियों के मानवाधिकारों का पूर्ण संरक्षण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि जेल को केवल बंदीगृह नहीं, बल्कि सुधारगृह के रूप में विकसित करना आवश्यक है, जहां बंदियों को सकारात्मक वातावरण और पुनर्वास के पर्याप्त अवसर मिल सकें। समिति ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया कि आपसी समन्वय के साथ कारा परिसर में आधारभूत संरचनाओं को और मजबूत किया जाए।

