मोतिहारी सहित जिले के चार जगहो पर चीनी मिल खोलने का प्रस्ताव
-आने वाले दिनों में सुगौली सहित पांच चीनी मिलो में हो सकती है गन्ना की पेराई
-दो-से-तीन दिनों के अंदर जिलाधिकारी सरकार को भेज देंगे प्रस्ताव
– आनेवाले दिनो में किसानों को नकदी फसल से होगा बड़ा लाभ,युवाओ को मिलेगा रोजगार
मोतिहारी। पूर्वी चम्पारण जिले मेें चार नई मिलो का प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। दो-दिनों के अंदर प्रस्ताव सरकार को भेज दी जायेगी। जाहिर है कि चार नई चीनी मिलो के प्रस्ताव पर मुहर लगने के बाद जिले में सुगौली में संचालित मिलो की संख्या जोड़कर पांच चीनी मिल किसानों के लिए एक बड़ी सौगात के साथ ही आर्थिक दृष्टिकोण से काफी लाभदायक सिद्ध हो जायेगा। इस संदर्भ में जिलाधिकारी सौरभ जोरवाल ने बताया कि मोतिहारी, चकिया,मेहसी एवं घोड़ासहन में चीनी मिल खोलने का प्रस्ताव भेजा जायेगा।
उल्लेखनीय है,कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपनी समृद्धि यात्रा के दौरान मोतिहारी एवं चकिया की बंद पड़ी चीनी मिल को खोलने के अलावें दो अतिरिक्त चीनी मिल खोलने की घोषण की थी।
तत्पश्चात बिहार सरकार ने चीनी मिल खोलने के लिए काम शुरू कर दिया है। इस संदर्भ में गन्ना उद्योग विभाग के अपर मुख्य सचिव के. सेंथिल कुमार ने 14 जिलों के डीएम से एक सप्ताह में भूमि चयन कर रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया है। अपर मुख्य सचिव ने नई चीनी मिल लगाने और बंद चीनी मिलों के जीर्णोद्धार के लिए 14 डीएम को पत्र भेजकर सात दिनों में 100 एकड़ जमीन की रिपोर्ट भेजने को कहा है। इनमें पटना, नवादा, वैशाली, सारण, सीवान, गोपालगंज, बेतिया, मोतिहारी, मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर, गयाजी, शिवहर, रोहतास और पूर्णिया जिला शामिल हैं। अपर मुख्य सचिव ने डीएम को भेजे गये पत्र में कहा है कि चीनी मिल के आसपास 30 से 40 हजार एकड़ गन्ना की खेती की आवश्यकता होगी।
फलस्वरूप चिह्नित स्थल के निकटवर्ती क्षेत्र में गन्ना की खेती एवं सिंचाई के लिए उपलब्ध सुविधाओं की भी समीक्षा की जाए। चीनी मिल के लिए स्थल के चयन में पुराने और बंद चीनी मिल को भी देखा जा सकता है। अपर सचिव ने चीनी मिल के लिए स्थल के साथ ही उन्नत गन्ना की खेती पर विचार करने के लिए विशेष कृषि टास्क फोर्स गठित करने को भी कहा है। लिहाजा राज्य सरकार के इस फैसले से लाखो गन्ना उत्पादक किसानो के साथ ही यहां रोजगार के अवसर सृजित होने की संभावना बढ़ गई है।

