शिवहर के डीडीसी के ठिकानो पर निगरानी की विशेष टीम की छापेमारी,आय से अधिक संपत्ति का खुलासा
पटना। आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में विशेष निगरानी इकाई (SVU) ने मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए शिवहर के उप विकास आयुक्त (डीडीसी) ब्रजेश कुमार के चार ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की।उन पर सरकारी पद का दुरुपयोग कर आय से अधिक 1.84 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति अर्जित करने का आरोप है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ब्रजेश कुमार ने अपनी काली कमाई से पत्नी गीतांजलि के नाम पर बड़े पैमाने पर संपत्तियां खरीदीं।केवल पटना (दानापुर) में ही उनकी पत्नी के नाम 2.26 करोड़ रुपये की संपत्ति के प्रमाण मिले हैं। इसके अलावा सगुना मोड़ स्थित कॉम्प्लेक्स में तीन व्यावसायिक दुकानें भी उनके नाम पाई गई हैं।
एसवीयू के अपर पुलिस महानिदेशक पंकज दाराद के अनुसार, ब्रजेश कुमार (उप विकास आयुक्त सह मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी, जिला परिषद शिवहर) के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति और भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया गया है। प्रारंभिक जांच डीएसपी अशोक कुमार झा को सौंपी गई थी।
जांच में पाया गया कि ब्रजेश कुमार ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए 1,84,32,900 रुपये की अवैध संपत्ति अर्जित की, जो उनकी वैध आय से कहीं अधिक है।विशेष निगरानी इकाई ने उनके घर, आफिस, ससुर के घर तक को खंगाला।प्राथमिकी दर्ज होने के बाद कोर्ट की अनुमति से मंगलवार को एसवीयू की टीम ने एक साथ चार स्थानों पर छापेमारी की। जिसमे शिवहर स्थित डीडीसी कार्यालय,उनके सरकारी आवास,पैतृक गांव सखुनिया टोला, जमुनिया, शिकारपुर (पश्चिम चंपारण),ससुराल-जनक मेंशन, प्रताप नगर, ठाकुर युगल किशोर रोड, सीतामढ़ी शामिल है।
जांच के दौरान भारी मात्रा में संपत्ति के प्रमाण मिले हैं।जांच में यह भी सामने आया कि ब्रजेश कुमार की पत्नी गीतांजलि गृहिणी हैं, फिर भी उनके नाम पर करोड़ों की संपत्ति दर्ज है। दानापुर में 2022 में 45.50 लाख रुपये
2022 में 80.28 लाख रुपये,2023 में 53.75 लाख रुपये,2023 में 47.16 लाख रुपये की संपत्तियां खरीदी गईं। कुल मिलाकर इन संपत्तियों का मूल्य 2,26,69,000 रुपये है। इनमें सगुना मोड़ स्थित ओम गंगा कॉम्प्लेक्स में दो दुकानें और प्रगति टावर में एक दुकान शामिल है। पूछताछ में ब्रजेश कुमार ने इन दुकानों को अपनी संपत्ति स्वीकार की है।
जांच में यह भी पाया गया कि ब्रजेश कुमार ने वर्ष 2022 में शिकारपुर (नरकटियागंज) में अपने एक संबंधी से 31.73 लाख रुपये मूल्य की जमीन उपहार में प्राप्त की। इस मामले की अलग से जांच की जा रही है।इसके अलावा उनके बैंक खातों और अन्य वित्तीय संस्थानों में 21,31,324 रुपये के निवेश के प्रमाण भी मिले हैं।
जांच में यह तथ्य सामने आया है कि ब्रजेश कुमार ने अधिकांश अचल संपत्तियां मुजफ्फरपुर पश्चिम के अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) रहते हुए खरीदी थीं।जांच में यह भी पाया गया कि सरकारी नियमों के तहत संपत्ति का ब्योरा देना अनिवार्य होने के बावजूद ब्रजेश कुमार ने अपनी और पत्नी के नाम पर अर्जित संपत्तियों की घोषणा नहीं की थी। जांच एजेंसी बेनामी और रिश्तेदारों के नाम पर खरीदी गई संपत्तियों की भी पड़ताल कर रही है।

